🎯 Vidyadaan Mahadaan में तैयारी👮 Delhi Police — Constable, Driver, Head Constable आदि👮 Haryana Police⚔️ Army / Defence👨🎓 SSC — SSC GD, CGL, CHSL आदि📝 Haryana CET / Group C & D🚆 Railway Recruitment👨🏫 Teacher Recruitment Exams🏛️ अन्य State Government Jobs
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“जिस ज्ञान ने हमें आगे बढ़ाया, उसे समाज के उन बच्चों तक पहुँचाना ही सच्चा विद्यादान है, जिन्हें अवसर की सबसे ज्यादा जरूरत है।”
अजय ग्रेवाल — दिल्ली पुलिस में कार्यरत एक ऐसे शिक्षक, जिन्होंने अपनी नौकरी के साथ-साथ शिक्षा को अपना मिशन बना लिया। हरियाणा के बहादुरगढ़ में अपने घर की छत से शुरू हुई यह छोटी-सी पाठशाला आज हजारों विद्यार्थियों के सपनों की उम्मीद बन चुकी है।
📚 जहाँ घर की छत बनी बच्चों का भविष्य
वर्ष 2016 से जरूरतमंद और आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों को निःशुल्क प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कराई जा रही है। सामान्य ज्ञान, गणित, रीजनिंग, हिंदी और अंग्रेजी जैसे विषयों की कक्षाएँ देर रात तक चलती हैं। The Indian Express की रिपोर्ट के अनुसार, इस पहल से हजारों विद्यार्थी ऑफलाइन और ऑनलाइन जुड़े हैं।
The Indian Express
यह केवल एक कोचिंग सेंटर नहीं है—
यह उन सपनों की पाठशाला है, जिन्हें आर्थिक परिस्थितियाँ रोक नहीं पाईं।
🏆 हजारों सफलताओं की कहानी
दैनिक जागरण की रिपोर्ट के अनुसार, 3,000 से अधिक विद्यार्थी अजय ग्रेवाल से शिक्षा प्राप्त करने के बाद विभिन्न सरकारी विभागों में नौकरी हासिल कर चुके हैं। इनमें लगभग 1,200 विद्यार्थियों का चयन दिल्ली पुलिस में हुआ है।
Jagran
“एक विद्यार्थी की सफलता सिर्फ उसकी सफलता नहीं होती, वह पूरे परिवार की जिंदगी बदल देती है।”
🌐 अब शिक्षा गाँव-गाँव तक
इस मुहिम का उद्देश्य केवल एक स्थान तक सीमित रहना नहीं है। ऑनलाइन कक्षाओं के माध्यम से दूर-दराज के गाँवों और अलग-अलग राज्यों के विद्यार्थियों तक भी निःशुल्क शिक्षा पहुँचाने का प्रयास किया जा रहा है। The Indian Express ने भी उत्तर प्रदेश और राजस्थान सहित अन्य स्थानों से ऑनलाइन जुड़ने वाले विद्यार्थियों का उल्लेख किया है।
The Indian Express
❤️ विद्यादान महादान क्यों?
क्योंकि पैसा खर्च करने से किसी एक जरूरत को पूरा किया जा सकता है, लेकिन शिक्षा देने से पूरी जिंदगी बदली जा सकती है।
“किसी गरीब बच्चे के हाथ में किताब दे दीजिए, हो सकता है कल वही बच्चा अपने पूरे परिवार की तकदीर बदल दे।”
📰 देश के प्रमुख मीडिया प्लेटफॉर्म ने भी दिखाई इस मुहिम की तस्वीर
अजय ग्रेवाल और उनकी निःशुल्क शिक्षा की पहल को देश के प्रमुख मीडिया प्लेटफॉर्मों ने अपनी रिपोर्टों और विशेष कवरेज के माध्यम से लोगों तक पहुँचाया है।
Aaj Tak • Zee Media/Zee News • Dainik Jagran • The Indian Express • India Today • Navbharat Times • GNT • The Better India
The Indian Express ने “On a terrace in a town near Delhi, a cop gives wings to govt job dreams” शीर्षक से इस पहल को प्रमुखता से प्रकाशित किया।
The Indian Express
दैनिक जागरण ने भी अजय ग्रेवाल की पहल को गरीब और जरूरतमंद बच्चों के लिए घर की छत पर चलने वाली निःशुल्क पाठशाला के रूप में प्रकाशित किया।
Jagran
India Today ने भी उनकी निःशुल्क कोचिंग और 3,000 से अधिक युवाओं के सरकारी नौकरी पाने की उपलब्धि पर रिपोर्ट प्रकाशित की।
India Today
Navbharat Times ने भी इस पहल को हजारों विद्यार्थियों के सपनों से जोड़ते हुए उनकी कहानी प्रकाशित की।
Navbharat Times 🌟 एक छोटी शुरुआत से एक बड़ा कारवाँ
एक बच्चा पढ़ा…
फिर दस बच्चे जुड़े…
फिर सैकड़ों…
और आज हजारों बच्चे इस मुहिम से जुड़ चुके हैं।
यह सफर किसी एक व्यक्ति का नहीं है।
यह शिक्षकों, विद्यार्थियों, अभिभावकों, सहयोगियों और समाज के हर उस व्यक्ति का सफर है, जो मानता है कि—
“शिक्षा पर किसी का अधिकार नहीं, शिक्षा पर हर बच्चे का अधिकार है।”
🙏 आइए, इस कारवाँ को और आगे बढ़ाएँ
आपका सहयोग किसी बच्चे की फीस नहीं, उसके भविष्य की नींव बन सकता है।
विद्यादान महादान ❤️
शिक्षा बाँटिए • सपने जगाइए • भविष्य बनाइए • राष्ट्र निर्माण में सहभागी बनिए